छुट्टी के बाद शेयर बाजार खुलने के साथ ही क्रैश हो गया. 8 जून को सेंसेक्स ने 800 अंकों की गिरावट के साथ ओपनिंग की. बाजार में जबरदस्त बिकवाली देखने को मिली है. BSE Sensex ने लाल निशान के साथ 73,421.61 पर ओपनिंग की. 9.20 बजे से BSE 730.91 प्वाइंट गिरकर 73,512.43 अंक पर पहुंच गया. अगले 10 मिनट में यह 634.25 अंकों के फॉल के साथ 73,609.09 पर पहुंच गया. निफ्टी 234.80 अंक टूटकर 23,131.90 अंक पर आ गया. बाजार की इस बिकवाली ने शुरुआत के कुछ मिनटों में ही निवेशकों को 5 लाख करोड़ रुपये का झटका दे दिया है. BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप गिरकर 456 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया.
इन शेयरों का सबसे बुरा हाल: शेयर बाजार के चलते इंडिगो में सबसे ज्यादा 1.98 फीसदी गिरावट आई. बजाज फाइनेंस, एशियन पेंट्स, TATA Steel, महिंद्रा एंड महिंद्रा, इटरनल, NTPC, TCS, BEL, L&T लाल निशान के साथ खुले. सिर्फ टेक महिंद्रा और Sun Pharma ने तेजी के साथ ओपनिंग की है.
क्यों सोमवार को क्रैश हुआ शेयर बाजार ?
पहला कारण: बाजार में आई इस भयंकर गिरावट के संकेत अमेरिकी और एशियाई बाजार से ही मिलने लगे थे. पश्चिम एशिया युद्ध में फिर से बढ़े तनाव ने बाजार में डर को फैला दिया है. ईरान की ओर से इजरायल पर फिर से मिसाइलें दागीं गई है. वहीं इजरायल ने लेबनान पर हमला तेज कर दिया है. इन हमलों से सीजफायर टूटने का खतरा बढ़ गया है. युद्ध दोबारा से शुरू होने के डर से बाजार में बिकवाली हावी हो गई है.
दूसरा कारण: अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर टूटने के डर से एशियाई बाजार में भारी गिरावट आई है. दक्षिण कोरिया, जापान, ताइवान और हॉगकांग में बड़ी गिरावट आई. एशियाई बाजार के खराब मूड का असर भारतीय बाजार पर दिखा.
तीसरा कारण: अमेरिकी बाजार नैस्डैक में 4.5% से ज्यादा की गिरावट देखी गई है. AI और सेमीकंडक्टर शेयरों में बिकवाली बढ़ी, जिसका असर भारतीय शेयर बाजार के टेक शेयरों पर भी देखने को मिली है.
चौथा कारण: कच्चे तेल की कीमत में उछाल ने बाजार में डर का माहौल पैदा कर दिया है. आज क्रूड ऑयल की कीमत में 4 फीसदी से अधिक की बढ़त लौटी है. महंगा कच्चा तेल भारत के लिए मुश्किल बढ़ाता है.
पांचवा कारण: ईरान और इजरायल के बीच ताजा हमले से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को कमजोर साबित कर दिया है. इजरायल ने अमेरिका की बात अनसूनी करते हुए लेबनान पर हमला किया है. इस हमले ने अमेरिका के शांति प्रयासों पर सवाल खड़ा कर दिया है.
ग्लोबल मार्केट का बुरा हाल
यु्द्ध फिर से भड़कने के डर से ग्लोबल मार्केट में भारी तबाही मची. दक्षिण कोरिया का Kospi 7 फीसदी से अधिक गिर गया. हांगकांग का हैंग सेंग 1.92 फीसदी फिसला. चीन का CSI 300 इंडेक्स 1.5 फीसदी गिर गया. जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 4.6 फीसदी फिसला.








