प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने बंगाल और असम में शानदार प्रदर्शन किया है… यह बात कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने कही है. भाजपा के चुनावी प्रदर्शन की तारीफ करते हुए थरूर ने यह भी बता दिया कि कांग्रेस कहां पीछे रह जाती है. हां, उन्होंने कहा कि भाजपा के बंगाल और असम में शानदार प्रदर्शन की एक वजह यह भी है कि वे चुनाव करवाने में बहुत माहिर हैं. उनका इशारा शायद चुनाव की रणनीति की तरफ था.
केरल में कांग्रेस की तरफ से एक प्रबल सीएम कैंडिडेट माने जा रहे थरूर ने माना कि वे (मोदी और शाह) पेशेवर तरीके से काफी संगठित हैं. उनकी सांगठनिक शक्ति बहुत मजबूत है. वे अपने चुनाव प्रचार में बहुत सारे संसाधन लगाते हैं, जिनमें आर्थिक संसाधन भी शामिल हैं.
भाजपा से हम सीख सकते हैं: कांग्रेस नेता
समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए थरूर ने कांग्रेस नेताओं को इशारों में नसीहत भी दी. उन्होंने कहा कि ऐसी कई बातें हैं जो हम सभी उनसे सीख सकते हैं. आखिर में उन्होंने भाजपा पर निशाना भी साधा कि मुझे बस यही उम्मीद है कि उनका संदेश भारतीयों को जोड़ने वाला होगा, न कि उन्हें बांटने वाला.
कांग्रेस को आत्ममंथन तो करना होगा: थरूर
हां, चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के चुनावी नतीजों पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने खुलकर यह बात कही है. उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि पार्टी को बहुत गंभीरता से आत्ममंथन करना होगा, इसमें कोई शक नहीं है. हमने यह बात पहले भी कही है और आज हमारे सामने एक बहुत अच्छा उदाहरण है कि क्या चीजें सही काम कर रही हैं? अगर हम केरल में इसे सही कर सकते हैं, तो दूसरी जगहों पर इसे सही करने के लिए हम क्या कर सकते हैं? यह एक ऐसा सबक है जो कांग्रेस पार्टी को सीखना चाहिए.
तमिलनाडु में ‘डील’ पर बड़ा इशारा
थलापति विजय ने तमिलनाडु में प्रचंड जीत हासिल की है लेकिन बहुमत के लिए उन्हें सहयोगियों की जरूरत होगी. रात से ही चर्चा है कि कांग्रेस डीएमके के साथ छोड़कर जा सकती है. इस बीच, थरूर ने एक इशारा दिया है. उन्होंने कहा कि तमिलनाडु की राज्य सरकार को सहयोगियों की जरूरत पड़ेगी क्योंकि उनके पास सीटों की कुछ कमी है. अगर TVK को सरकार बनानी है तो उन्हें बहुमत के आंकड़े तक पहुंचने के लिए 10 से 13 सीटों की कमी पड़ रही है. ऐसी हालात में, जाहिर है, हर तरह की बातचीत मुमकिन है…









