उत्तर भारत के कई राज्यों में जून की शुरुआत राहत भरी रही है. सूरज की तपिश कमजोर पड़ी है और लू कुछ समय के ब्रेक पर है. जी हां, 1 जून को मौसम एक्सपर्ट के पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले 72 घंटे हीट वेव ‘छुट्टी’ पर ही रहने वाली है. पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र में बारिश के आसार हैं. दक्षिण भारत में भी प्री-मानसूनी बारिश जारी रह सकती है. हीट वेव अभी देश में कहीं भी दिखाई नहीं देगी. राजस्थान में धूल भरी आंधी के साथ बारिश की संभावना बन रही है. जून के पहले हफ्ते में मानसून केरल में दस्तक दे सकता है.
स्काईमेट एजेंसी के मौसम एक्सपर्ट महेश पलावत ने मानसून 2026 की स्थिति के बारे में बताया है कि आज यानी 1 जून से होने वाली सभी बारिश को मानसूनी बारिश के रूप में गिना जाता है. अभी दक्षिण भारत में बारिश की गतिविधियां थोड़ी बढ़ रही हैं. इधर, पाकिस्तान के अलावा भारत के पंजाब, मध्य प्रदेश और बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने वेदर सिस्टम के प्रभाव से देश के कई हिस्सों में बारिश की संभावना है.
राज्यवार मौसम का अनुमान
पहाड़ी राज्यों के लिए: अगले 3 से 4 दिनों तक पहाड़ों पर कोई बड़ा वेस्टर्न डिस्टरबेंस नहीं है, इसलिए वहां मौसम लगभग साफ रहेगा और हल्की बारिश हो सकती है.
पंजाब और हरियाणा: 2 और 3 जून को पंजाब में छिटपुट वर्षा होगी. दिल्ली और हरियाणा में धूल भरी आंधी के साथ हल्की बारिश की उम्मीद है, लेकिन हीट वेव की स्थिति नहीं है.
उत्तर प्रदेश और बिहार: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार के अधिकांश इलाके अगले कुछ दिनों तक सूखे रहेंगे.
राजस्थान और मध्य प्रदेश: पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में बारिश होने की संभावना है.
दक्षिण भारत: तेलंगाना, कर्नाटक, केरल, अंडमान और लक्षद्वीप में बारिश जारी रहेगी.








