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अगर ऐसा हुआ तो भुखमरी का शिकार होंगे 4.5 करोड़ लोग! मिडिल ईस्ट संकट के बीच आई डराने वाली रिपोर्ट

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पश्चिमी एशिया में छिड़ी जंग से केवल युद्ध लड़ने वाले देश ही प्रभावित नहीं हैं, बल्कि इसका प्रभाव अलग-अलग कारणों से एक बहुत बड़ी आबादी पर पड़ रहा है. युद्ध के चलते खड़े हुए ऊर्जा संकट ने दुनिया के लगभग हर देश पर असर डाला है. वहीं अब एक रिपोर्ट में सामने आया है कि मिडिल ईस्ट में छिड़ीं जंग अगर जल्द खत्म नहीं हुई तो 45 मिलियन (4.5 करोड़) लोग भूख के खतरे में पड़ सकते हैं.

WFP की बड़ी चेतावनी

वर्ल्ड फूड प्रोग्राम (WFP) के डिप्टी एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर कार्ल स्काउ ने इसकी चेतावनी दी है. उन्होंने कहा, भुखमरी की यह स्थिति मध्य पूर्व में चल रहे संघर्ष के कारण उत्पन्न हुई है, जिससे खाद्य और ईंधन की कीमतें बढ़ रही हैं और सप्लाई प्रभावित हो रही है. उन्होंने कहा, अगर स्थिति और खराब होती है तो ईंधन की कीमतों में इजाफा होगा, इससे वैश्विक भुखमरी के गंभीर परिणाम हो सकते हैं.

भुखमरी की चपेट में आ सकते 4.5 करोड़ लोग

विश्व खाद्य एवं परिवार कल्याण कार्यक्रम (WFP) के विश्लेषण से पता चलता है कि खाद्य और ईंधन की बढ़ती लागत और सप्लाई चेन में रुकावट के कारण 4.5 करोड़ लोग और भीषण भुखमरी की चपेट में आ सकते हैं, जिससे वैश्विक स्तर पर प्रभावित लोगों की कुल संख्या रिकॉर्ड 36.3 करोड़ तक पहुंच जाएगी.

WFP ने चेतावनी दी कि युद्ध अब अपने चौथे सप्ताह में प्रवेश कर रहा है, इसका असर दुनिया में खाद्य और ईंधन की लागत पर पड़ रहा है. इन आर्थिक व्यवधानों के कारण जल्द ही उन परिवारों के लिए जरूरी खाद्य पदार्थों की कीमतें इतनी बढ़ सकती हैं जो उस क्षेत्र से बहुत दूर रहते हैं.

‘जून तक खिंचा युद्ध तो बिगड़ सकते हैं हालात’

विश्व खाद्य विभाग के उप कार्यकारी निदेशक कार्ल स्काउ ने जिनेवा में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान चेतावनी देते हुए कहा, ‘मिडिल ईस्ट में संघर्ष से चीजें दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही हैं.  स्काउ ने कहा कि एजेंसी के ‘विश्लेषण से पता चलता है कि अगर मध्य पूर्व संघर्ष जून तक जारी रहता है और तेल की कीमतें 100 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बनी रहती हैं तो कीमतों में बढ़ोतरी के चलते 45 मिलियन लोग और तीव्र भुखमरी की चपेट में आ सकते हैं.’

US-इजरायल और ईरान जंग चौथे सप्ताह में पहुंची

बता दें अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच युद्ध की शुरुआत 28 फरवरी को हुई थी. आज 24 मार्च को जंग का 25वां दिन है, लेकिन अभी भी दोनों ओर से एक दूसरे के ठिकानों को निशाना बनाया जा रहा है. हालांकि राहत की बात यह है कि दूसरी ओर बातचीत से समाधान का रास्ता निकालने को लेकर भी प्रयास किए जा रहे हैं. कई देशों ने युद्ध को खत्म कराने के लिए मध्यस्थता के प्रयास तेज किए हैं. ट्रंप भी मिडिल ईस्ट में तनाव कम करने के संकेत दे चुके हैं.

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Author: admin

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